
किडनी जैसी गंभीर रोग से पीड़ित थे
अनूप सिंह

मझिआंव:- रांची सदर अस्पताल के चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. अलखनिरंजन मिश्रा का निधन चिकित्सा जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है। वे लगभग 60 वर्ष के थे।और वे पिछले कई वर्षों से किडनी कि बीमारी से ग्रसित थे।वे एक कुशल,समर्पित और अत्यंत मिलनसार स्वभाव के चिकित्सक थे, जिनकी सादगी और मधुर वाणी ने उन्हें समाज के हर वर्ग में लोकप्रिय बनाया। उनके असामयिक निधन से न केवल उनके परिवार, बल्कि उनके सहयोगियों, मरीजों और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
डॉ. मिश्रा का पार्थिव शरीर सोमवार को मझिआंव प्रखंड के उनके पैतृक गांव पृथ्वीपुर लाया गया।जहां अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। हर कोई नम आंखों से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहा था,और उनके साथ बिताए पलों को याद कर रहा था। वे अपने पीछे एक पुत्र कस्तूभ मिश्र एवं दो पुत्री सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं।डॉ. अलखनिरंजन मिश्रा का जीवन सेवा,समर्पण और मानवीय मूल्यों का प्रतीक था।उनकी कमी हमेशा महसूस की जाएगी, लेकिन उनके आदर्श और कार्य समाज को प्रेरित करते रहेंगे।
उनका अंतिम संस्कार कोयल नदी के टंकी घाट पर पूरे विधि-विधान के साथ किया गया। उनके शव यात्रा में आशीष कुमार दुबे उर्फ चिंटू दुबे,प्रदीप कुमार सिंह,बबलू सिंह,मनोज मिश्रा, टिंकू सिंह,शेष मणि सिंह,अजय दुबे, दयाशंकर सिंह एवं सहकर्मी सहित सैकड़ो की संख्या में स्थानीय एवं गणमान्य लोग शामिल हुए। उनके इकलौते पुत्र कस्तूभ मिश्र ने मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की।

