अनूप सिंह
कांडी (गढ़वा):- लोक आस्था के छठ महापर्व को लेकर मां सतबहिनी झरना तीर्थ एवं पर्यटन स्थल परिसर में श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुव्यवस्थित पूजा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विकास समिति ने महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। इस बार सीढ़ीनुमा छठ घाटों पर पूजा के लिए स्थान का आवंटन केवल समिति कार्यालय के माध्यम से किया जाएगा। घाटों पर मनमाने ढंग से स्वयं अपना नाम लिखकर जगह घेरने वालों की पुरानी बुकिंग एवं अनधिकृत दावेदारी निरस्त कर दी गई है। सीढ़ीनुमा घाटों के लिए मात्र 10 रुपये का सेवा शुल्क निर्धारित किया गया है, जबकि परिसर के अन्य सभी स्थानों पर छठ पूजा पूरी तरह निःशुल्क रहेगी।
मां सतबहिनी झरना तीर्थ एवं पर्यटन स्थल विकास समिति के सचिव मुरलीधर मिश्र एवं विधायक प्रतिनिधि आतिश सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि पिछले वर्षों में सीढ़ीनुमा घाटों पर जगह को लेकर विवाद और आपाधापी की स्थिति उत्पन्न होती रही है। इसे ध्यान में रखते हुए इस बार घाटों का आवंटन व्यवस्थित तरीके से करने का निर्णय लिया गया है, ताकि छठ व्रतियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। उन्होंने बताया कि माता रानी दरबार के पूर्व एवं पश्चिम की ओर तथा सूर्य मंदिर के पूर्व में स्थित सीढ़ीनुमा घाटों पर पूजा करने के इच्छुक श्रद्धालुओं को समिति कार्यालय में संपर्क कर अपना स्थान सुनिश्चित कराना होगा। इसके लिए कार्यालय के माध्यम से टोकन वितरित किए जाएंगे। पहले से घाटों पर नाम लिख देने मात्र से किसी का स्थान आरक्षित नहीं माना जाएगा।

समिति ने स्पष्ट किया है कि सीढ़ीनुमा घाटों के लिए निर्धारित 10 रुपये की राशि किसी प्रकार का घाट शुल्क नहीं, बल्कि सेवा शुल्क है। इस राशि का उपयोग घाटों पर नंबरिंग करने, पेंट कराने तथा व्यवस्था से संबंधित कार्यों में लगे मजदूरों की लागत के लिए किया जाएगा। वहीं, सीढ़ीनुमा घाटों के अतिरिक्त मैदान, नदी क्षेत्र और पूर्वी धर्मशाला छोर सहित अन्य सभी स्थान श्रद्धालुओं के लिए पूरी तरह निःशुल्क रहेंगे। इन स्थानों पर पूजा करने के लिए न तो किसी पूर्व बुकिंग की आवश्यकता होगी और न ही टोकन लेना अनिवार्य होगा। श्रद्धालु अपनी सुविधा के अनुसार इन स्थानों पर बैठकर छठ पूजा कर सकेंगे।

समिति ने सभी छठ व्रतियों एवं श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे सीढ़ीनुमा घाटों पर बिना टोकन के स्थान न घेरें और निर्धारित प्रक्रिया का पालन करें। इससे अनावश्यक विवाद, भीड़ और अव्यवस्था पर रोक लगाने में मदद मिलेगी। समिति का उद्देश्य मां सतबहिनी झरना तीर्थ एवं पर्यटन स्थल परिसर में छठ महापर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं अनुशासित वातावरण में संपन्न कराना है। समिति ने श्रद्धालुओं से व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने तथा लोक आस्था के इस महापर्व को सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने की अपील की है।




