अनुप सिंह
मझिआंव:- पिछले कई दिनों से लगातार हो रही अनवरत बारिश ने मझिआंव शहर की व्यवस्था की पोल खोल दी है। और नगर पंचायत क्षेत्र में जगह जगह भारी जल जमाव हो चुका है। वहीं राजकीयकृत राधा कृष्ण बालिका विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र समेत कई प्रमुख संस्थानों के परिसर में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है।इधर राधा कृष्ण बालिका विद्यालय के प्रांगण में करीब दो से तीन फीट पानी भर जाने के कारण पिछले दो दिनों से पठन-पाठन पूरी तरह बाधित है।

विद्यालय के प्रधानाध्यापक नीरज प्रसाद ने बताया कि विद्यालय परिसर में गंदा पानी जमा होने से छात्राओं को आने-जाने में काफी परेशानी हो रही है। वहीं कोयल नदी में बाढ़ के कारण विद्यालय परिसर में सांप एवं अन्य जहरीले जीव-जंतुओं के आने की आशंका बनी हुई है। सुरक्षा को देखते हुए छात्राओं की छुट्टी कर दी गई है। इसकी सूचना विभाग को दे दी गई है। हालांकि सभी शिक्षक विद्यालय में मौजूद हैं।
इधर, प्रखंड परिसर स्थित आंगनबाड़ी केंद्र भाग-1 के क्लासरूम में भी पानी भर जाने के कारण मंगलवार को केंद्र में पठन-पाठन बंद रहा। आंगनबाड़ी सेविका तिलकी देवी ने बताया कि कमरे में पानी भरने के कारण केंद्र संचालित नहीं हो सका। पानी की निकासी और साफ-सफाई के लिए नगर पंचायत के नगर प्रबंधक को सूचना दी गई है।

वहीं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के मुख्य गेट पर भी करीब दो से तीन फीट पानी जमा है। इससे इलाज के लिए पहुंच रहे मरीजों, उनके परिजनों और चिकित्सकों को आवागमन में भारी परेशानी हो रही है।

वहीं लोहरपुरवा सहित अन्य क्षेत्रों में नगर पंचायत अध्यक्ष सुमित्रा देवी ने जल जमाव क्षेत्र का भ्रमण किया। जल निकासी की समस्या को देखते हुए नगर पंचायत अध्यक्ष सुमित्रा देवी की पहल पर नगर पंचायत द्वारा जेसीबी के माध्यम से मुख्य गेट से मछली मार्केट होते हुए नाली की सफाई कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि जहां भी विशेष रूप से जहां समस्या है उस जगह पर जल निकासी का व्यवस्था किया जा रहा है।
एक तरफ लगातार बारिश और जलजमाव ने शहर की जल निकासी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने जल निकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की है।
वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में भी कहीं घर डुबे है तो कहीं धान की फसल डुब चुकी है। और इसके साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में कहीं कहीं कच्ची सड़क की नरकीय स्थिति हो गई है।





